गेहूँ के गुण
April 2, 2008
गेहूँ की रोटी अन्य अन्नों से अच्छी होती है। गेहूँ के आटे को एक घंटे गौंद कर पड़ा रखें, फिर इसकी रोटी बना कर खाएँ। यह रोटी शीघ्र पच जाती है। गेहूँ उबालकर गर्म-गर्म पानी से सूजन वाली जगह को धोने से सूजन कम हो जाती है। हड्डी टूटने पर १२ग्राम गेहूँ की राख इतने ही शहद में मिला कर चाटने से टूटी हुई हड्डियाँ जुड़ जाती हैं। कमर और जोड़ों के दर्द में भी आराम होता है। रात को २५०ग्राम पानी में १२ग्राम गेहूँ भिगो दें। प्रातः छान कर उस पानी में २५ग्राम मिश्री मिलाकर पीने से पेशाब की जलन दूर होती है।